अनूपपुर/राजेंद्रग्राम।राजेंद्रग्राम थाना क्षेत्र में एक बार फिर अवैध जुए का कारोबार खुलकर फल-फूल रहा है। जंगलों के भीतर सुनियोजित तरीके से जुए का संचालन किया जा रहा है, जहां दूर-दराज के क्षेत्रों से लोग अपनी किस्मत आजमाने पहुंच रहे हैं। बताया जा रहा है कि इस अवैध खेल में शहडोल, बुढार, कोतमा, बिजुरी, अमलाई सहित कई इलाकों से नियमित रूप से खिलाड़ी पहुंच रहे हैं।स्थानीय सूत्रों के अनुसार, जुए का यह खेल पूरी तरह संगठित तरीके से संचालित किया जा रहा है। जंगलों के भीतर बाकायदा बैठने, खाने-पीने और आराम करने जैसी वीवीआईपी सुविधाएं तक उपलब्ध कराई जा रही हैं। खेलने वालों के लिए अलग-अलग व्यवस्था, गाड़ियों की सुरक्षित पार्किंग और निगरानी तंत्र भी तैयार किया गया है, जिससे बाहरी लोगों को भनक तक न लगे।बताया जा रहा है कि यहां हर दिन लाखों रुपये का दांव लगाया जाता है। जीत-हार के इस खेल में कई लोग बड़ी रकम गंवा चुके हैं, वहीं कई परिवार आर्थिक संकट की ओर बढ़ते जा रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस जुए के चलते युवाओं में बुरी लत बढ़ रही है और सामाजिक माहौल भी खराब हो रहा है।स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि जुए के चलते कई बार आपसी विवाद, मारपीट और तनाव की स्थिति भी बनी रहती है, लेकिन जंगलों में खेल संचालित होने के कारण आम लोगों की पहुंच वहां तक नहीं हो पाती। इससे आयोजकों के हौसले लगातार बढ़ते जा रहे हैं।ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते इस अवैध गतिविधि पर प्रभावी रोक नहीं लगी, तो आने वाले समय में यह कारोबार और भी फैल सकता है, जिससे क्षेत्र में अपराध और सामाजिक अव्यवस्था की स्थिति और गंभीर हो सकती है। लोग अपने घरों के युवाओं को लेकर भी चिंतित हैं, जो जल्दी पैसे कमाने के लालच में इस दलदल में फंसते जा रहे हैं।
